HomeScienceमेंडलीफ की आवर्त सारणी का नियम | Mendeleef Periodic Law In Hindi

मेंडलीफ की आवर्त सारणी का नियम | Mendeleef Periodic Law In Hindi


आज के इस पोस्ट के जरिये जानेगे की रूसी वैज्ञानिक मेण्डेलीफ द्वारा निर्धारित मेण्डेलीफ का आवर्त नियम Mendeleef Periodic Law In Hindi क्या है, तथा साथ मे मेन्डेलीफ की आवर्त सारणी की उपलब्धियाँ और मेण्डेलीफ की आवर्त सारणी के गुण और दोष (Explanation of Mendeleev Periodic Table in Hindi) को भी जानेगे।

जैसा की सभी रासायनिक तत्वों के वर्गीकरण की दिशा में रूसी वैज्ञानिक मेण्डेलीफ का महत्वपूर्ण योगदान रहा है और मेण्डेलीफ के अनुसार यह बताया गया है कि अगर सभी तत्वों को उनके बढ़ते हुए परमाणु भारों के क्रम में पूर्ण रूप से व्यवस्थित करते है तो उनकी एक निश्चित संख्या के बाद लगभग समान गुण वाले तत्व पाए जाते हैं एवं देखने को मिलते है यानि अपनी आवर्त सारणी में  तत्वो को  इनके मूल गुणधर्म, परमाणु द्रव्यमान तथा रासायनिक गुणधर्मों में समानता के आधार पर व्यवस्थित किया। और यह नियम जो है उसको मेण्डेलीफ का आवर्त नियम Mendeleef Periodic Law In Hindi कहा जाता है।

मेंडलीफ की आवर्त सारणी

Mendeleef Periodic Law In Hindi

Mendeleef Periodic Law In Hindiतो चलिये अब इस पोस्ट मे रूसी वैज्ञानिक मेण्डेलीफ द्वारा निर्धारित मेण्डेलीफ का आवर्त नियम Mendeleef Periodic Law In Hindi  क्या है जानते है –

मेंडलीफ द्धारा तत्वों का वर्गीकरण: 19वीं शताब्दी के मध्य में महान् रशियन वैज्ञानिक डी० आई० मैंडलीफ ने तत्वों तथा उनके यौगिकों के तुलनात्मक अध्ययन से एक नियम प्रस्तुत किया, जिसे मैंडलीफ का आवर्त नियम कहते हैं। इस नियम के अनुसार- तत्वों के भौतिक तथा रासायनिक गुण उनके परमाणु भारों के आवर्त फलन होते हैं। दूसरे शब्दों में, यदि तत्वों को उनके बढ़ते हुए परमाणु भारों के क्रम में सजाया जाए, तो उनकी एक निश्चित संख्या के बाद लगभग समान गुण वाले तत्व पाये जाएँगे।

मैंडलीफ ने उस समय तक ज्ञात तत्वों को अपने आवर्त नियम के अनुसार एक सारणी के रूप में श्रृंखलाबद्ध किया जिसे आवर्त सारणी (Periodic Table) कहते हैं। मैंडलीफ की आवर्तसारणी में उदग्र (vertical) तथा क्षैतिज (Horizontal) दो प्रकार की कतारें हैं। उदग्र कतारों को वर्ग (Groups) तथा क्षैतिज कतारों को आवर्त (Periods) कहते हैं। मैंडलीफ द्वारा निर्मित आवर्त सारणी में 9 वर्ग तथा 7 आवर्त हैं। मैंडलीफ के समय तक ज्ञात तत्वों की संख्या 63 थी, उस समय अक्रिय गैसों का आविष्कार नहीं हो पाया था। मैंडलीफ ने अज्ञात तत्वों के लिए अपने आवर्त सारणी में रिक्त स्थान छोड़ दिए थे।

मैंडलीफ की आवर्त सारणी के गुण

Properties of Mendeleev’s Periodic Table in Hindi

मैंडलीफ की आवर्त सारणी में वह सबकुछ है, जो एक सफल वर्गीकरण में होना चाहिए। इसके प्रमुख गुण निम्नांकित हैं-

  1. तत्वों के अध्ययन में सुविधा
  2. नए तत्वों की भविष्यवाणी
  3. अनुसंधान कार्य में सहायता
  4. संशयात्मक परमाणु भारों का संशोधन
  5. तत्वों के यौगिकों की प्रकृति की जानकारी
  6. तत्वों की संयोजकता संबंधी निर्णय

मेंडलीफ की आवर्त सारणी के दोष

Mendeleev’s periodic table defects in Hindi

मैंडलीफ द्वारा निर्मित आवर्त सारणी के प्रमुख दोष निम्नलिखित हैं-

  1. आवर्त सारणी में हाइड्रोजन का स्थान विवादपूर्ण है।
  2. आवर्त सारणी में समस्थानिकों (Isotopes) के लिए कोई स्थान नियत नहीं है।
  3. कुछ समान गुण वाले तत्वों (जैसे- Cu एवं Hg, Ag एवं TI, Au एवं Pt तथा Ba एवं Pb) को आवर्त सारणी के अंदर भिन्न-भिन्न वर्गों में रखा गया है।
  4. आवर्त सारणी में तत्वों को उनके बढ़ते हुए परमाणु भारों के क्रम में रखा गया है, किन्तु कुछ स्थितियों में इस नियम का पालन नहीं हो पाया है। अधिक वाले तत्वों को कम परमाणु भार वाले तत्वों के पहले रखा गया है, जैसे- आयोडीन (126.92) को टेल्यूरियम (127.61) के बाद रखा गया है।
  5. आठवें वर्ग में तीन-तीन तत्वों को एक साथ रखा गया है, इससे आवर्त सारणी में अनियमितता उत्पन्न हो जाती है।
  6. दुर्लभ मृदा तत्वों को एक ही साथ वर्ग IIIA में रखा गया है।
  7. मैंडलीफ की आवर्त सारणी में धातु एवं अधातु तत्वों के बीच कोई स्पष्ट विभाजन रेखा नहीं है ।

मैंडलीफ की आवर्त सारणी और आधुनिक आवर्त सारणी में अंतर

Difference between Mendeleev’s Periodic Table and Modern Periodic Table in Hindi

मैंडलीफ की आवर्त सारणी आधुनिक आवर्त सारणी
1. मैंडलीफ की आवर्त सारणी में तत्वों को उनके परमाणु भार के बढ़ते क्रम में सजाकर तैयार किया गया है। 1. आधुनिक आवर्त सारणी में तत्वों को उनके परमाणु संख्या के बढ़ते क्रम में सजाकर तैयार किया गया है।
2. इसमें कुल 9 वर्ग हैं। 2. इसमें कुल 18 वर्ग हैं।
3. इस आवर्त सारणी में धातु एवं अधातु तत्वों के बीच स्पष्ट विभाजन रेखा नहीं है। 3. इस आवर्त सारणी में धातु एवं अधातु तत्वों के स्थान अलग-अलग हैं एवं इनके बीच स्पष्ट विभाजन रेखा खीची जा सकती है ।
4. इस आवर्त सारणी में सामान्य तत्व एवं संक्रमण तत्व अलग-अलग नहीं प्रदर्शित किए गए हैं। 4. इस आवर्त सारणी में सामान्य तत्व एवं संक्रमण तत्व अलग-अलग प्रदर्शित किए गए हैं।
5. आवर्त सारणी तैयार करते समय मैंडलीफ को तत्वों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास की जानकारी नहीं थी। अतः इस आवर्त सारणी में तत्वों की सजावट का आधार इलेक्ट्रॉनिक विन्यास नहीं है। 5. आधुनिक आवर्त सारणी (दीर्घ रूप) का निर्माण तत्वों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास के आधार पर किया गया है ।

 

तत्वों से संबंधित प्रमुख जानकारी

कुल ज्ञात तत्व 118
प्रकृति में प्राप्य तत्व 98
कृत्रिम तरीके से निर्मित तत्व 20
धातु तत्वों की संख्या 91
अधातु तत्वों की संख्या 27
पृथ्वी पर सबसे अधिक मात्रा में पाया जाने वाला तत्व ऑक्सीजन
पृथ्वी पर सबसे अधिक मात्रा में पाया जाने वाला धातु तत्व ऐलुमिनियम
सबसे हल्का तत्व हाइड्रोजन
सबसे भारी तत्व अस्मियम
सबसे हल्का धातु तत्व लीथियम
द्रव धातु तत्व पारा
द्रव अधातु तत्व ब्रोमीन
विद्युत् का सबसे अच्छा सुचालक तत्व चाँदी
विद्युत् का सुचालक अधातु ग्रेफाइट
सबसे अधिक आघातवर्धनीय तत्व सोना
सबसे अधिक क्रियाशील अधातु तत्व फ्लोरीन
सबसे अधिक क्रियाशील धातु तत्व सीजियम
सर्वाधिक आयनन विभव वाला तत्व हीलियम
न्यूनतम आयनन विभव वाला तत्व सीजियम
सर्वाधिक इलेक्ट्रॉनिक प्राप्ति वाला तत्व क्लोरीन
सर्वाधिक विद्युत् ऋणात्मक तत्व फ्लोरीन
सबसे प्रबल ऑक्सीकारक पदार्थ फ्लोरीन
सर्वाधिक गैसीय तत्वों वाला वर्ग शून्य वर्ग
एक परमाण्विक तत्व अक्रिय गैसें
मानव शरीर में सर्वाधिक मात्रा में पाये जाने वाला तत्व ऑक्सीजन
मिट्टी के तेल में रखा जाने वाला तत्व सोडियम
हड्डियों एवं दांतों का निर्माण करने वाला प्रमुख तत्व कैल्सियम

मेंडेलीव की आवर्त सारणी और आधुनिक आवर्त सारणी में क्या अंतर  है

What is the difference between Mendeleev’s periodic table and the modern periodic table in Hindi

तो चलिये मैंडलीफ की आवर्त सारणी और आधुनिक आवर्त सारणी में अंतर को जानते है –

  • मेंडलीफ की आवर्त सारणी तत्वों के परमाणु भार पर आधारित है जबकि आधुनिक आवर्त सारणी तत्वों के परमाणु क्रमांक पर आधारित है।
  • मेंडलीफ की आवर्त सारणी में 66 तत्वों को स्थान दिया गया था जबकि आधुनिक आवर्त सारणी में 118 तत्व शामिल हैं।
  • मेंडलीफ की आवर्त सारणी में नोबल गैसों के लिए कोई स्थान नहीं था। इसका कारण यह था कि उस समय तक इन गैसों की खोज नहीं हुई थी। आधुनिक आवर्त सारणी में इन गैसों के लिए अलग से एक ग्रुप बनाया गया है जिसे ग्रुप 18 कहते हैं.
  • मेंडलीफ की आवर्त सारणी में ट्रांजीशन या संक्रमण तत्वों को अन्य तत्वों के साथ साथ रखा गया है जबकि आधुनिक आवर्त सारणी में ट्रांजीशन तत्वों को एक अलग स्थान दिया गया है।
  • मेंडलीफ की आवर्त सारणी समस्थानिकों के स्थान के विषय में स्पष्ट नहीं है। इस सारणी के अनुसार आइसोटोप्स को उनके अलग अलग परमाणु भारों के अनुसार अलग अलग स्थान मिलना चाहिए। आधुनिक आवर्त सारणी चूँकि तत्वों के परमाणु संख्या पर आधारित है अतः समस्थानिकों के स्थान के विषय में कोई समस्या नहीं आती।
  • मेंडलीफ की आवर्त सारणी में वर्गीकरण का आधार तत्वों के द्वारा हाइड्राइड और ऑक्साइड के निर्माण के फॉर्मूले पर आधारित है वहीँ आधुनिक आवर्त सारणी तत्वों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास पर आधारित है।
  • कुछ तत्वों को उनसे अधिक परमाणु भार वाले तत्वों के बाद बिना किसी उचित कारण के रखा गया है आधुनिक आवर्त सारणी में ऐसी विसंगति नहीं पायी जाती।
  • मेंडलीफ ने अपनी सारणी में कुछ अलग गुण वाले तत्वों को जैसे लिथियम, पोटाशियम और सोडियम को कॉपर, सिल्वर और गोल्ड के साथ रखा है। आधुनिक आवर्त सारणी में इन अल्कली तत्वों को s ब्लॉक में रखा गया है वहीँ कॉइन मेटल्स d ब्लॉक में स्थान दिया गया है।
  • आठवें ग्रुप में Fe , Ni और Co को एक साथ रखा गया है जबकि आधुनिक आवर्त सारणी में इन्हे d ब्लॉक के अंतर्गत अलग अलग ग्रुप में रखा गया है।

तो आपको यह पोस्ट मेन्डेलीफ की आवर्त सारणी की उपलब्धियाँ और मेण्डेलीफ की आवर्त सारणी के गुण और दोष (Explanation of Mendeleev Periodic Table in Hindi) कैसा लगा कमेंट मे जरूर बताए और इस पोस्ट को लोगो के साथ शेयर भी जरूर करे..

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